📘 Language and Thought (भाषा और चिंतन का संबंध)
यह विषय Jean Piaget और Lev Vygotsky दोनों से जुड़ा है, और यह CTET / HTET / B.Ed. / TGT Psychology में अक्सर पूछा जाता है।
🌐 मुख्य प्रश्न:
- क्या भाषा पहले आती है या सोच (चिंतन)?
- भाषा सोच को प्रभावित करती है या सोच भाषा को?
✳️ दो प्रमुख दृष्टिकोण (Major Theories):
🧠 1. Jean Piaget का दृष्टिकोण:
"Thought comes before Language" (चिंतन भाषा से पहले आता है)
| बिंदु |
विवरण |
| ✅ सोच (cognitive development) पहले आता है |
बच्चा पहले दुनिया को समझता है |
| ✅ भाषा सोच का परिणाम है |
विचार के बाद शब्द आते हैं |
| ✅ बच्चा पहले चीज़ों को समझता है, फिर उनके लिए शब्द सीखता है |
देखे बिना नाम नहीं आता |
| ✅ बच्चा स्वयं के लिए बातें करता है (Egocentric Speech) |
Piaget ने इसे अपरिपक्वता माना |
| ✅ भाषा का विकास संज्ञानात्मक विकास पर निर्भर करता है |
पहले सोच, फिर शब्द |
🔄 उदाहरण: बच्चा पहले “गेंद को लुड़कता हुआ” देखता है, उसका विचार बनाता है, फिर धीरे-धीरे उसे “गेंद” कहना सीखता है।
🧠 2. Lev Vygotsky का दृष्टिकोण:
"Language and Thought develop together, but language plays a key role." (भाषा और सोच साथ-साथ विकसित होते हैं, पर भाषा सोच को आकार देती है)
| बिंदु |
विवरण |
| ✅ सोच और भाषा पहले अलग होते हैं, फिर मिलते हैं |
बाद में दोनों एक हो जाते हैं |
| ✅ भाषा सोचने का माध्यम बन जाती है |
Language becomes tool for thought |
| ✅ बच्चे की प्राइवेट स्पीच सोचने का तरीका है |
स्वगत भाषण cognitive tool है |
| ✅ यह Inner Speech में बदल जाती है |
धीरे-धीरे चुपचाप सोचने में परिवर्तित |
| ✅ भाषा सामाजिक वातावरण से सीखता है |
Social Interaction जरूरी |
🔄 उदाहरण: बच्चा खेलते समय खुद से बोलता है – "अब मैं इसे यहाँ रखूंगा... नहीं नहीं... वहाँ नहीं।"
👉 यह प्राइवेट स्पीच है, जो उसकी सोचने की प्रक्रिया है।
🔁 Piaget vs Vygotsky: तुलना तालिका
| तत्व |
Piaget |
Vygotsky |
| 🧠 विचार और भाषा |
विचार पहले, भाषा बाद में |
दोनों साथ, पर भाषा सोच को निर्देश देती है |
| 🗣 स्वगत भाषण |
अपरिपक्वता का संकेत |
संज्ञानात्मक विकास का संकेत |
| 👨👩👧 सामाजिक भूमिका |
सीमित |
अत्यधिक महत्वपूर्ण |
| 🧒 अधिगम |
आत्म-निर्माण से |
सामाजिक संवाद से |
| 💭 सोचने का माध्यम |
मानसिक क्रियाएँ |
भाषा |
🧪 Supporting Theories/Terms:
| सिद्धांत |
विचार |
| 🧠 Sapir-Whorf Hypothesis |
भाषा सोच को प्रभावित करती है |
| 📚 ZPD – Vygotsky |
बच्चे को मदद से कठिन कार्य करने की क्षमता |
| 🔄 Inner Speech |
सोचने के लिए उपयोग की जाने वाली निजी भाषा |
🎯 शिक्षण में महत्त्व:
- शिक्षक को चाहिए कि वह बच्चों की भाषा को सोचने के उपकरण के रूप में समझे
- कक्षा में संवाद, चर्चा और प्रश्नोत्तर से सीखने को बढ़ावा देना चाहिए
- प्राइवेट स्पीच को रोकना नहीं चाहिए — यह सोचने की प्रक्रिया का हिस्सा है
📝 CTET / HTET संभावित प्रश्न:
- 1. "Thinking precedes language" किसका कथन है? ➤ Jean Piaget
- 2. "Language and thought merge over time" किसका विचार है? ➤ Lev Vygotsky
- 3. प्राइवेट स्पीच को Piaget क्या मानते हैं? ➤ अपरिपक्व भाषा
- 4. प्राइवेट स्पीच को Vygotsky क्या मानते हैं? ➤ संज्ञानात्मक विकास का उपकरण
📘 निष्कर्ष (Conclusion):
- ✅ Piaget मानते हैं कि सोच पहले आती है और भाषा उसके बाद।
- ✅ जबकि Vygotsky मानते हैं कि भाषा सोच को गहराई से प्रभावित करती है।
- ✅ वर्तमान में शिक्षा में Vygotsky की भूमिका अधिक महत्वपूर्ण मानी जाती है क्योंकि वह सामाजिक भाषा और इंटरैक्शन को सीखने का आधार मानते हैं।
0 टिप्पणियाँ
LEAVE YOUR COMMENT HERE