100 महत्वपूर्ण जानकारियाँ जिनका ज्ञान हर व्यक्ति को होना चाहिए
आज की तेज़ रफ्तार ज़िंदगी में स्वास्थ्य, दिनचर्या और प्रकृति से जुड़ा ज्ञान बहुत ज़रूरी हो गया है। नीचे दी गई जानकारियाँ आयुर्वेद, जीवनशैली और अनुभवों पर आधारित हैं, जिन्हें जानना हर व्यक्ति के लिए उपयोगी हो सकता है।
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क्या आप ये 100 ज़रूरी जानकारियाँ जानते हैं? |
जीवन, योग और शरीर से जुड़ी मूल बातें
- योग, भोग और रोग – ये जीवन की तीन अवस्थाएँ हैं।
- जम्भाई – शरीर में ऑक्सीजन की कमी का संकेत है।
- प्रातः 4 बजे जागना स्वास्थ्य के लिए श्रेष्ठ माना गया है।
- सोते समय रक्तचाप सामान्य या सामान्य से कम होता है।
- बिना कैल्शियम की उपस्थिति के कोई भी विटामिन पूर्ण रूप से कार्य नहीं करता।
- स्वस्थ व्यक्ति को शौच में लगभग 5 मिनट ही लगते हैं।
- भोजन करते समय डकार आना अच्छे पाचन का संकेत है।
रक्तचाप, लकवा और हृदय संबंधी जानकारी
- लकवा – सोडियम की कमी से होता है।
- हाई BP में स्नान व सोने से पहले एक गिलास पानी पीना लाभकारी है।
- लो BP में सेंधा नमक डालकर पानी पीना चाहिए।
- भारी वस्तुएँ रक्तचाप बढ़ाती हैं क्योंकि उनका गुरुत्व अधिक होता है।
- सोने से 30 मिनट पहले पानी पीने से लकवा व हार्ट अटैक का खतरा कम होता है।
श्वसन, कफ, वात और पित्त से जुड़ी जानकारी
- कफ – फास्फोरस की कमी से बिगड़ता है।
- दमा / अस्थमा – सल्फर की कमी से होता है।
- वात के प्रभाव में नींद कम आती है।
- कफ के प्रभाव में प्रेम अधिक और पढ़ाई कम होती है।
- पित्त के प्रभाव में पढ़ाई अधिक होती है।
- शाम को वात-नाशक चीजें खानी चाहिए।
- त्रिफला वात, पित्त और कफ – तीनों को शांत करता है।
भोजन, पाचन और पोषण संबंधी नियम
- अम्लीय वस्तुएँ व फल सूर्यास्त से पहले खाएँ।
- क्षारीय वस्तुएँ सूर्यास्त के बाद खाएँ।
- भोजन से 30 मिनट पहले सलाद लें।
- भोजन के बाद वज्रासन में बैठना लाभकारी है।
- रात में अधिक प्रोटीन (दाल, पनीर, राजमा) नहीं खाना चाहिए।
- चीनी पित्त बढ़ाती है, इसमें सल्फर होता है।
- फ्रक्टोज पचता है, सुक्रोज नहीं।
- छिलके वाली दाल-सब्जियाँ कोलेस्ट्रॉल घटाती हैं।
दूध, पानी और पेय से जुड़े नियम
- RO का पानी नियमित न पिएँ, कुएँ या वर्षा जल श्रेष्ठ है।
- खड़े होकर पानी पीना किडनी के लिए हानिकारक है।
- तांबे का पानी नंगे पाँव खड़े होकर नहीं पीना चाहिए।
- लोटे का पानी गिलास से बेहतर माना गया है।
- दूध हमेशा पतला और तेल गाढ़ा लेना चाहिए।
- भोजन के बाद पेशाब जाने से रक्तचाप नियंत्रित रहता है।
हड्डियाँ, कैल्शियम और खनिज तत्व
- कूबड़ – फॉस्फोरस की कमी से होता है।
- सिजेरियन ऑपरेशन – आयरन और कैल्शियम की कमी से होता है।
- मोटे लोगों में कैल्शियम की कमी पाई जाती है।
- छोटे केले में बड़े केले की तुलना में अधिक कैल्शियम होता है।
- चूना बालों को मजबूत करता है और आँखों की रोशनी बढ़ाता है।
मानसिक स्वास्थ्य और भावनाएँ
- चिंता, क्रोध और ईर्ष्या गलत हार्मोन बनाते हैं।
- अवसाद में आयरन, कैल्शियम और फास्फोरस की कमी हो जाती है।
- निद्रा से पित्त शांत होता है, मालिश से वायु।
- बीमारी जितनी देर से आती है, उतनी देर से जाती भी है।
स्त्री, मातृत्व और बच्चों से जुड़ी जानकारी
- मासिक धर्म में स्त्रियों को अधिक विश्राम करना चाहिए।
- मासिक के दौरान ठंडे पानी से स्नान नहीं करना चाहिए।
- प्रसव के बाद माँ का पीला दूध बच्चे की रोग-प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है।
- छोटे बच्चों को अधिक नींद की आवश्यकता होती है।
आयुर्वेद, प्राकृतिक चिकित्सा और जीवन दर्शन
- अर्जुन की छाल पथरी में लाभकारी मानी जाती है।
- नारियल अस्थमा में उपयोगी है, यह क्षारीय होता है।
- गाय का घी सबसे अधिक पित्तनाशक माना गया है।
- जिस भोजन में सूर्य और हवा का स्पर्श न हो, उसे नहीं खाना चाहिए।
- लार को दुनिया की सबसे महँगी दवा कहा गया है, इसे नहीं थूकना चाहिए।
निष्कर्ष
यह लेख सामान्य जानकारी, आयुर्वेदिक मान्यताओं और अनुभवों पर आधारित है। किसी भी स्वास्थ्य समस्या या उपचार को अपनाने से पहले योग्य चिकित्सक की सलाह अवश्य लें।

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